AtharvavedaAtharvaveda Kaanda 12

Atharvaveda Kaanda 12 Sukta 1 Mantra 1

Sanskrit Verse

भूमिसूक्तम्।
१-६३ अथर्वा। भूमिः।त्रिष्टुप्, २ भुरिक्, ४-६, १०,३८ त्र्यवसाना षट्-पदा जगती, ७ प्रस्तारपङ्क्तिः, ८, ११ त्र्यवo षट्o विराडष्टिः, ९ परानुष्टुप्, १२-१३, १५ पञ्चपदा शक्वरी (१२-१३ त्र्यवo), १४ महाबृहती, १६, २१ एकावo साम्नी त्रिष्टुप्, १८ त्र्यवo षट्o त्रिष्टुबनुष्टुब्गर्भातिशक्वरी,
१९, २० पुरोबृहती (२० विराट्) २२ त्र्यवo षट्o विराडतिजगती, २३ पञ्चपदा विराडतिजगती, २४ पञ्चo अनुष्टुब्गर्भा जगती, २५ त्र्यवo सप्तo उष्णिगनुष्टुब्गर्भा शक्वरी, २६-२८, ३३, ३५, ३९-४१, ५०,५३-५४, ५६, ५९, ६३ अनुष्टुप् (५३ पुरोबार्हता), ३० विराड् गायत्री, ३२ पुरस्ताज्ज्योतिः, ३४ त्र्यवo षट्o त्रिष्टुब्बृहतीगर्भातिजगती, ३६ विपरीतपादलक्ष्मा पङ्क्तिः ३७ त्र्यवo पञ्चo शक्वरी, ४१ षट्o ककुम्मती शक्वरी, ४२ स्वराडनुष्टुप्, ४३ विराडास्तारपङ्क्तिः, ४४-४५, ४९ जगती, ४६ षट् पo अनुष्टुब्गर्भा परा शक्वरी, ४७ षट् पo उष्णिगनुष्टुब्गर्भा परातिशक्वरी, ४८ पुरोऽनुष्टुप्, ५१ त्र्यवo षट्o अनुष्टुब्गर्भा ककुम्मती शक्वरी, ५२ पञ्च॰ अनुष्टुब्गर्भा परातिजगती, ५७ पुरोतिजागता जगती, ५८ पुरस्ताद् बृहती, ६१ पुरोबार्हता, ६३ परा विराट्।
स॒त्यं बृ॒हदृ॒तमु॒ग्रं दी॒क्षा तपो॒ ब्रह्म॑ य॒ज्ञः पृ॑थि॒वीं धा॑रयन्ति ।
सा नो॑ भू॒तस्य॒ भव्य॑स्य॒ पत्न्यु॒रुं लो॒कं पृ॑थि॒वी नः॑ कृणोतु

English Translation

This mantra speaks about the earth and how it supports all living things. It asks for blessings from the earth for happiness and prosperity.

Hindi Translation / हिंदी अनुवाद

यह मंत्र पृथ्वी के बारे में है और कैसे यह सभी जीवों का समर्थन करती है। यह पृथ्वी से खुशियों और समृद्धि के लिए आशीर्वाद मांगता है।

Spiritual Significance / आध्यात्मिक महत्व

English

This mantra highlights the importance of earth in our lives. It reminds us to respect nature and seek harmony with it.

Hindi

यह मंत्र हमारे जीवन में पृथ्वी के महत्व को बताता है। यह हमें प्रकृति का सम्मान करने और इसके साथ सामंजस्य से रहने की याद दिलाता है।

Practical Application / व्यावहारिक उपयोग

English

You can chant this mantra when you want to connect with nature. It helps to bring peace and good energy into your home.

Hindi

जब आप प्रकृति से जुड़ना चाहें, तो आप इस मंत्र का जाप कर सकते हैं। यह आपके घर में शांति और अच्छे ऊर्जा लाने में मदद करता है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *


Back to top button

Please Remove Ad Blocker

Please Remove Ad Blocker, To continue using this site.