Mahabharata Vana Parva – सत्यं भरतॄंश च धर्मं च पुरस्कृत्य बरवीमि ते
Shloka (श्लोक)
सत्यं भरतॄंश च धर्मं च पुरस्कृत्य बरवीमि ते
कीचकं निहनिष्यामि वृत्रं देवपतिर यथा
⚡ Quick Meaning
भीम कीचाक का वध करके सत्य और धर्म की प्रतिष्ठा को बनाए रखने का संकल्प लेते हैं।
Translations
English Translation
Bhima declares that by honoring truth and dharma, he will defeat Kichaka, likening his resolve to that of the divine in vanquishing demons. This highlights the moral imperative in battles.
हिंदी अनुवाद
भीम घोषणा करते हैं कि सत्य और धर्म का सम्मान करते हुए, वे कीचक को हराएंगे, जैसे देवता राक्षसों को पराजित करते हैं। यह युद्धों में नैतिक अनिवार्यता को उजागर करता है।
Commentary
Context
यह श्लोक भव्य नैतिक मानकों को दिखाता है जिन्हें युद्ध में बनाए रखा जाना चाहिए, और संघर्ष का आध्यात्मिक पक्ष भी व्यक्त करता है।
Meaning
यह दर्शाता है कि धर्म और सत्य के प्रति समर्पण हमें नैतिक रूप से मजबूत बनाता है।
Application
यह हमें सिखाता है कि जीवन में सिद्धांतों का पालन करना और सत्य के मार्ग पर चलना आवश्यक है।
