Mahabharata Adi Parva Shloka 14843
Shloka (श्लोक)
तवापि सुमहत तेजॊ महद बाहुबलं च ते
अविषह्यम अनाधृष्यं शतक्रतु बलॊपमम
⚡ Quick Meaning
तेरे अविश्वसनीय बल और तेज का वर्णन।
📖 Translations
English Translation
This verse praises the extraordinary strength and brightness of the protagonist, which cannot be surpassed by anyone. It exemplifies the greatness of a powerful figure who stands unmatched, likening their strength to the accomplishments of the hundred sacrifices.
हिंदी अनुवाद
यह श्लोक नायक की असाधारण शक्ति और तेज की प्रशंसा करता है, जो किसी और द्वारा नहीं पार किया जा सकता। यह एक शक्तिशाली व्यक्तित्व की महानता को दर्शाता है, जो शतक्रतु बल के समान है।
🔍 Commentary
📜 Context
यह श्लोक उस महापुरुष की महत्ता को व्यक्त करता है जो अपार शक्ति और प्रकाश से परिपूर्ण है।
🧘 Meaning
इसके माध्यम से यह शक्ति की दीक्षा और असाधारणता को प्रदर्शित करता है, जो अन्य कोणों से अनवीक्षित है।
🌟 Application
शक्ति का सही उपयोग और उसकी गहराई को समझकर, हम अपने जीवन में सामर्थ्य को पहचान सकते हैं।
