Mahabharata Udyoga Parva – पुष्टिर दयुतिस तथा कीर्तिः सिद्धिर वृद्धिर उमा तथा

Shloka (श्लोक)
पुष्टिर दयुतिस तथा कीर्तिः सिद्धिर वृद्धिर उमा तथा
तवम एव वाणी सवाहा तवं तवय्य आयत्तम इदं जगत
⚡ Quick Meaning
आपके होते ही समस्त समृद्धियाँ, तेज, कीर्ति, और वृद्धि होती हैं।
Translations
English Translation
All prosperity, brilliance, fame, and growth emanate from you, O Goddess. You are the voice of the universe, and everything in this world depends on you for sustenance.
हिंदी अनुवाद
सभी समृद्धियाँ, तेज, कीर्ति, और वृद्धि आपकी उपस्थिति से होती हैं, हे देवी। आप इस ब्रह्मांड की वाणी हैं और इस संसार की हर चीज़ आपकी कृपा पर निर्भर करती है।
Commentary
Context
यह श्लोक सरस्वती की शक्ति और उनके प्रभाव को स्पष्ट करता है कि किस प्रकार वे सभी चीज़ों को शक्ति देती हैं।
Meaning
यहाँ सरस्वती देवी के अंतर्गत आने वाले चार प्रमुख गुणों को दर्शाया गया है, जो जीवन के लिए आवश्यक हैं।
Application
इस ज्ञान को अपने जीवन में लागू करके, सामर्थ्य और पूर्ति की दिशा में प्रयास कर सकते हैं।
