MahabharataUdyoga Parva
Mahabharata Udyoga Parva – ततः पुनः षॊडशभिर नतपर्वभिर आशुगैः

Shloka (श्लोक)
ततः पुनः षॊडशभिर नतपर्वभिर आशुगैः
सात्यकिः कृतवर्माणं परत्यविध्यत सतनान्तरे
⚡ Quick Meaning
सात्यकि ने कृतवर्मा को 16 तीरों से मार गिराया।
Translations
English Translation
Then, with a flurry of sixteen powerful arrows, Satyaki swiftly shot them towards Kritavarma, overwhelming him while showcasing the might of his prowess in combat.
हिंदी अनुवाद
इसके बाद, 16 शक्तिशाली बाणों की बौछार के साथ, सात्यकि ने कृतवर्मा को तेजी से लक्ष्य बनाया, जिससे उन्हें हराया और युद्ध कौशल को उजागर किया।
Commentary
Context
यह श्लोक युद्ध की तीव्रता और प्रतियोगिता के माहौल में लिखा गया है।
Meaning
सात्यकि की शक्ति और तेज संतोषपूर्ण जीत की दिशा में अग्रसर है।
Application
आपको सच्ची मेहनत में निरंतरता के साथ जुड़ना चाहिए, यही स्वयं की जीत की कुंजी है।
