Mahabharata Vana Parva – माम आसाद्य पतिं भद्रे न तवं राक्षस वेश्मनि
Shloka (श्लोक)
माम आसाद्य पतिं भद्रे न तवं राक्षस वेश्मनि
जरां वरजेथा इति मे निहतॊ ऽसौ निशाचरः
⚡ Quick Meaning
राम सीता से कहते हैं कि वह राक्षसों के घर में उनका पति हैं और उनके साथ कुछ नहीं होगा।
Translations
English Translation
Rama reassured the dear Sita, stating that she should not fear the confines of the demon’s abode since he was there to protect her. He emphasized that the demon had been slain, ensuring her safety.
हिंदी अनुवाद
राम ने प्रिय सीता को आश्वस्त करते हुए कहा कि तुम राक्षसों के घर में सुरक्षित हो, क्योंकि मैं तुम्हारे पति के रूप में तुम्हारा संरक्षण करने आया हूँ। उन्होंने कहा कि राक्षस का वध कर दिया गया है।
Commentary
Context
यह श्लोक बताता है कि राम ने सीता की सुरक्षा को सुनिश्चित किया है, जिससे उनके प्रति उनका सच्चा प्रेम प्रकट होता है।
Meaning
यह श्लोक हमें यह शिक्षा देता है कि सच्चे प्रेम में साथी के लिए सुरक्षा की भावना कभी कमजोर नहीं होती है।
Application
हमारी जिम्मेदारी होती है कि हम अपने प्रियजनों की सुरक्षा का ध्यान रखें और उन्हें संकट में सशक्त बनाएं।
